12/05/2018
नर्स अस्थाई रूप से किसी अचेत के लिए चेतना सरीखी होती है। किसी आत्महत्या की सोच रखने वाले दुःखी के लिए जिंदगी के प्रति प्यार जैसी होती है। किसी एम्प्यूटेशन (हाथ या पाँव का काटना) वाले पेशेंट के लिए एक पाँव जैसी तो न्यूली ब्लाइंड के लिए चक्षु, किसी इंफेंट (छोटे बच्चे) के लिए चलने का सहारा तो नई नई माँ के लिए ज्ञान और आत्मविश्वास जैसी होती है नर्स।
नर्सिंग के बारे में मुझे जब भी कोई इंट्रोडक्शन (ख़ास कर अपने नये स्टूडेंट्स को) देना होता है तो वर्जिनिया हेंडरसन की कही ये बात कोट करना मेरी पहली चॉइस होती है। मुझे लगता है ये चंद लाइने ब्रीफ में इस प्रोफेशन के डीप एसेंस को एक्सप्रेस कर देती है।
मानवता की सेवा करने वाले इस प्रोफेशन में बहुत पहले सिर्फ महिलाओं (मातृत्व भाव की स्वाभाविक स्वामिनी) को रिक्रूट किया जाता था पर नई ज्ञात होने वाली जरूरतों के हिसाब से नए ट्रेंड्स आते गए । जिसके तहत मानसिक रोगियों, डिजास्टर मैनेजमेंट और हाईरिस्क एरिया में केयर प्रोवाइड करने के पर्पज से मेल नर्स का कॉन्सेप्ट भी आ चुका है आज इस नोबल प्रोफेशन में पुरुष भी महिलाओं के कंधे से कंधा मिलते नज़र आ जाते है।
अंतरराष्ट्रीय नर्सेज दिवस 19 वी सदी की सबसे ख्यातनाम परिचारिका फ्लोरेंस नाइटिंगेल के जन्मदिन 12 मई को प्रतिवर्ष (1974 से ऑफिशियली) मनाया जाता है। नाइटिंग को लेडी विद लेम्प नाम से जाना जाता है। जिसने ब्रिटेन,ओटोमन एम्पायर और रशिया के बीच हुए युद्ध मे कई लाखो घायल सेनिको की सेवा की थी।
ब्लैक-सी द्वारा चारो तरफ से घिरे क्रिमीयन पेनिनसुला पर घायलों की नाउम्मीद अंधेरी रातों को जिसने अपने जज्बे और लेम्प से रोशन किया वो कोई और नही बल्कि नाइटिंगेल थी जो अपने वक्त से बहुत आगे की सोच रखती थी जिसने नर्सिंग केयर करने के साथ साथ 800 पेज की एक रिसर्च रिपोर्ट तैयार कर ये बताया था कि घायल सैनिक घांव से ज्यादा इंफेक्शन से मर रहे है जिसके लिए सेनिटेशन और न्यूट्रिशन को सुधारने की जरूरत को हाइलाइट किया था।
लगातार दर्दी के संपर्क में रहने की वजह से नर्स केयर प्रोवाइडर के साथ साथ डिफॉल्ट रूप से एक एजुकेटर, रिसर्चर, कोऑर्डिनेटर, लीडर, मैनेजर और बहुत कुछ होती है। नर्स के प्रति कृतज्ञता प्रदर्शित करने की इतनी सारी वजहों के बावजुद उसका वजूद नेपथ्य में होता है। नर्स बहुधा उतना सम्मान और प्रतिष्ठा नही पाती जिनकी वो असली हकदार है।
मुझे डिफेंस सर्विस और नर्सिंग में बहुत समानताएं नज़र आती है। यथा दोनों को राउंड द क्लॉक सर्विस देनी होती है। नर्सिंग में मिलिटेंट की तरह एंटीजन, बेक्टेरिया, वायरस आदि से डिफेंस करना होता है। एपिडेमिक इबोला, प्लेग, स्वाइनफ्लू जैसी कंडीशन किसी युद्ध से कम नही होती। दोनों ही पेशों में छुट्टी बड़ी मुश्किल से मिलती है। दोनों ही में यूनिफॉर्म और डिसिप्लिन है। डिफेंस सर्विसेज की तरह इसमें भी संक्रमण से जान जाने का खतरा बना रहता है।
राष्ट्र की रक्षा के लिए जरूरी नही की सेनिको की तरह बंदूक ही उठाई जाए ..नाइटिंगेल की तरह एक दीया मानव सेवा और समर्पण वाला भी उठाया जा सकता है।
माना कि अंधेरा घना है पर दिया जलाना कब मना है ??
आज नर्सेज डे है... नर्सेज डे वो दिन होता है जब पूरा विश्व उन चंद लोगो के लिए अपनी कृतज्ञता प्रकट करता है जिन्हें नर्स कहा जाता है। इस विशिष्ठ दिवस की थीम है " नर्सेज : ए वॉइस टू लीड, हेल्थ इज़ ए ह्यूमन राइट "
इंसान को उसकी जाति, धर्म, रंग, उत्पत्ति, टेरिटरी से परे उसके इंसान के रूप में जन्म लेने से हासिल होने वाले अधिकार ह्यूमन राइट कहलाते है। फंडामेंटल और कांस्टीट्यूशनल राइट से ज्यादा ब्रॉडर ह्यूमन राइट्स की जिम्मेदारी नर्स जैसे जिम्मेदात कंधे ही उठा सक्ते है।
खुशी होती है ये जानकर की धीरे धीरे इंसानियत की पैरवी करने वाली इस मद्धम आवाज को अब विश्व समुदाय द्वारा पहचाना जा रहा है।
राष्ट्र निर्माण में पर्दे के पीछे से अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाली सम्पूर्ण नर्सिंग फ्रेटर्निटी को बहुत बहुत शुभकामनाएं ।
HAPPY INTERNATIONAL NURSE DAY..
जय हिंद।
जय नर्सेज
ROHIT CHATURVEDI
DIRECTOR
OM R. K NURSING INSTITUTE, LALSOT,
ADD-NEAR OF POST OFFICE,KOTHUN ROAD
LALSOT, (DAUSA)
MOB. 8239928827